Monday, 9 July 2012

Hindi Font Stories - नशीली सोनी की चुदाई

हाय पाठको, मैं नागपुर में रहता हूँ मेरा नाम नब्बू हैं और उम्र २५ साल हैं मैं एक सरकारी कंपनी में काम करता हूँ, और मैं अच्छा खासा कमा लेता हूँ मेरे घर में मेरी माँ और छोटा भाई जो मेरे से सात साल छोटा हैं मैं आप लोगो का ज्यादा समय न लेते हुए अपनी कहानी बताता हूँ और एक बात ये मेरी कहानी १००% सच है. सोनी जो एक खूबसूरत बला का नाम था, वो १८ साल की, जिसने अभी अभी जवानी में कदम रखा था उसका रंग थोड़ा सावला था और सेक्सी होने के साथ वो बीदास भी थी उसकी आँखे बहुत ही नशीली थी जब वो चलती थी तो उसकी जवानी और मादकता साफ़ दीखती थी जिसे देखकर बासती के सारे लड़के अपना लंड पकड़ कर सीधा करते थे क्योकी उनका खड़ा हो जाता था सोनी हमेशा चूड़ीदार सलवार सूत पहनती थी जिसमे उसका फीगर देखकर कोई भी उसका साइज बता देता था हर कोई उसको चोद्ने की तमन्ना रखता था! हर कोई उसको परपोज करना चाहता था अब सीधा कहानी पे आते हैं ! जीसमे मैं भी शामिल था ! ये बात चार साल पहले की हैं जब मैं इक्कीस साल का था तब मेरी कोई गर्लफ्रेंड नहीं थी! मैं अपने दोस्तों के साथ अक्सर गंगा जमुना जाया करता था और रांडो को जमकर चोदा करते थे!

क्योकि मेरे दोस्त अपनी अपनी गर्लफ्रेंड के साथ सब कर लेते थे पर उन्हें चोदना उनके बस की बात नहीं थी, एक बार मेर दो (अज्जू और शीव ) दोस्त अपनी अपनी गर्लफ्रेंड के साथ घुमने के लीये जा रहे थे उनकी गर्लफ्रेंड एक साथ आने वाली थी जब मेरे दोस्त अपनी अपनी गर्लफ्रेंड को रिसीव्ह करने के लिये गए तो उनके साथ सोनी भी आई थी मेरे दोस्तों की नजर अपनी गर्लफ्रेंड से ज्यादा सोनी पर थी मेरे. दोस्तों ने सोचा की नब्बू की तो कोई गर्लफ्रेंड है ही नहीं क्यों न उसका जुगाड़ सोनी के साथ जमा दिया जाये बाद में मील बाटकर खायेगे, और और फीर अज्जू ने मेरेको फोन किया और कहा की जल्दी से इस रेस्टोरेंट माँ आजा हमारी गर्लफ्रेंड के साथ सोनी भी आयी हैं मेरी तो खुशी का ठिकाना ही नहीं थी बिना म्हणत कीया गर्लफ्रेंड मील रही थी मैं दस मिनट में तयार होकर अपनी बैक उठा कर घर से नीकल पडा! मैं रेस्टोरेंट में पहुचा जैसे ही मेरी नज़र सोनी पे पडी मैं खील गया आज सोनी ने लाल कलर की चोदीदार सलवार पहनी थी मेरे दोस्तों ने मेरा सबसे सब ने परिचय कराया मेरे दोस्त की गर्ल फ्रेंड ने कहा बहुत दीनो से सोनी कह रही थी की वो मुजसे दोस्ती करना चाहती थी इसलिए इसे साथ लाये है सोनी मुजे पहले से ही जानती थी मैं हेरान था क्योकी जिसके पीछे सारे लड़के पड़े है और खिंसी (नागपुर का फेमस पिकनीक स्पोट) जाने के अपनी अपनी बाइक पर लडकीयों को बीठाया और मैंने अपनी बाइक पर सोनी को और नीकल पड़े !, मेरे दोस्तो ने फोन पर ही सारी बात बता दी थी की कुछ भी हो पर्पोस कर देना क्योकी उसका कोई बाय्फ्रेंड नहीं हैं पर्पोस करने के बाद सोनी तेरी ही जायेगी जी भर के तू चोद लेना और हो सके तो हमारा भी जुगाड़ जमा देना दोस्तों मेरा तो खुद का ही पता नहीं था इनका कहा से जमाता, रास्ते में मैंने उससे खूब बाते की जैसे - उसे क्या पसंद है मेरी तो बस ये ही तमन्ना थी की कब मेरे लैंड की मुराद पूरी होंगी कब मई इसे चोदूगा मैं अच्छी तरह से जनता था की इसे चोदना इतना आसान नहीं हैं खीर हम बाते करते करते खिंसी पहुच गए फिर हमने बोत्तिंग ( नोकाविहार )किया और थोडा घुमे इसके बाद मेरे दोस्त अपनी अपनी गर्लफ्रेंड के साथ अलग अलग हो गए और कहाँ की ३० मिनट के बाद घर के लिए निकलना हैं अब दोस्तों मेरे पास ३० मिनट था मैं सोनी के साथ एक जगह बैठ गया थोड़ी बात करने बाद मैंने उसे आय लोव यूं कह दीया तो उसने कहाँ की दो दीन के बाद जवाब बताउगी दोस्तों ये ऐसा चालु लडकी ही कहती है और मैं इसके लिये पहले से तैयार था की ये मेरे को थोड़ा घुमाएगी फीर मैंने दोसरी बाते करना शुरू किया उसने बताया की पहले उसने कभी अफेयेर नहीं किया वो पहली बार डेटिंग पर आयी हैं ! शाम ह गयी थी, अब मेरे दोस्त भी आ गये थे अब हमको घर जाना था मैंने सोनी को कहा की वो मेरी बाईक चलाए वो तयार हो गयी क्योकी उसके पापा ने बाईक चलाना सिखाया था वो मेरी बाईक पे बैठ गयी और जैसे ही मैं उसके पीछे बैठा मेरा लैंड उसकी गांड से चिपक गया उसने कुछ नहीं कहा मेरा लैंड खडा हो चुका था और उसमे दर्द होने लगा था उसे भी महसूस हो रहा था की नब्बू का लैंड मेरी गांड से टकरा रहा हैं पर वो कुछ नहीं कह रही थी हम बाईक पे बात करते करते आ घर आ रहे थे मैं उसकी गांड से लैंड चिपका कर ही बैठा था आधे रास्ते में मैंने फीर आई लव यु कहा उसका वो ही जवाब था जिसके लिये मैं पहले से तयार था मैंने अपने दोनों हाथ उसके पीछे से बगल म डालकर गाडी का हंडल पकड़ लिया और गाडी पुरी रफ़्तार से चालने लगा सोनी को दर लगने लगा वो चिल्लाने लगी "गाडी स्लो करो'मैं - मेरा जवाब दो हाँ या ना?

सोनी -हाँ हाँ मैं तो बस मज़ाक कर रही थी

हम वापसी ख़त्म हो चुकी थी हम ने बाय कीया और जाते जाते सोनी को मोबाईल नमबर दे दीया उस रात मुजे नींद नहीं आ रही अचानक रात के एक बजे सोनी का फोन आया हम बाते करने लगे मैंने उस से कहा की अब हम अकले ही मीलेगे उसने हाँ कह दीया और मैं उस से ८-९ बार मिला मैं उसको ब्वात्निक ( नागपुर का फेमस कपल पार्क ) में ले जाकर जम के कीस करता और साथ मर उसके मेमे भी दबा ता था वो हमेशा सीस्स_ सीस्स् करती थी और उसकी चुत् म ऊँगली दाल देता था, मगर सोनी को उसको चोदने क लिये सही जगह नहीं थी और न ही सही समय था मेरी एक गलती मेरी तमन्ना पे पानी फेर देता मैं सोनी जी भर के चोदना चाहता था मैं कैसे बर्दास्त कर रहा था ये मैं ही जनता था, ! एक दीन मेरे सबर का बाँध टूट गया मैं अब और इंतज़ार नहीं कर सकता था मैंने आफिस के एक दोस्त से उसके फार्म हाउस कीचाबी ले ली और सोनी को लेकर पहुच गया सोनी समज गयी थी मैं उसे यहा क्यों लाया हूँ मगर वो अनजान बन रही थी, उसने कहाँ "हमयहाँ क्यों आये है क्या ये मकान तुमने खरीदा है ?"मैं- "नहीं मैं यहाँ तुम्हे प्यार करने लाया हूँ'' कहकर उसे अपनी बाँहों मे ले जकड लिया और हम दोनों पागलो की तरह कीस करने लगे जैसे हम दोनों बरसो से भूखे हो किस करते करते मैंने उसकी सलवार खोल दीया और उसकी चुत में ऊँगली ढाल दी जो पहले से गीली थी ! अचानक सोनी अलग हो गयी और कहाँ "मुजे पता था तुम ये ही करोगे और मुजे इसके बाद छोड़ दोगे" मैं ये नहीं चाहता था, की ऐसा मोका हाथ से चले जाए!

मैं - सोनी क्या तुम्हे ऐसा लगता हैं की मैं तुम्हे छोड़ दूगा मेरे पे भरोसा नहीं है ?

सोनी - अगर ये करने के बाद मैं माँ बन गयी तो क्या होगा?

मैं - मेरे पास सब चीज का इलाज हैं अगर तुम्हे एम् सी नहीं आई तो दो महीने अन्दर बता देना!

अब वो नीडर हो कर मेरे से लीपट गयी इस बार ज्यादा देर नहीं कीया सीधा उसके कपडे उतर दीया दोस्तों वो क्या लग रही थी वो काली पंटी और ब्रा में उसका कसा हुआ जिस् उसकी मादकता को बड़ा रहा था ऊपर से उसकी वो नशीली आँखे मेरी होसला और बड़ा रही थी मैंने भी अडर वेअर समेत अपन सारे कपडी उतार दीया मैं उसके सामने पूरा नंगा था, मैंने सोनी को उठा कर बेडरूम में ले जा कर बेड पर बैठा दिया और अपना लंड उस के मूंह के पास ले जा कर उसे चूसने के लीये कहा, उसने मना कर दिया मैंने जबरदस्ती अपना लंड उसके मूह में घुसेडना चाहा मगर लंड का साईंज मोटा होने की वजह से मूह का केवल सूपाडा ही गया अब वो जैसे तैसे चूसने मेरे लंड को चूसने लगी मुजे बहौत मजा आ रहा था क्योकी इस से पहले मैंने कभी ऐसा नहीं किया था अब मैं आगे पीछे होने लगा, उसकी लार से मेरा पूरा लंड गीला हो चुका था मैंने अपना लंड उसके मूह में से नीकाला और उसे पणटी और ब्रा से आजाद कर दीया मेरे तो होश उड़ गए क्योकी मैंने आज तक इतनी टाइट चुत और कसे हुए बूब्स वो भी गुलाबी रंग की कभी नही देखी थी उसकी चुत पे एक भी बाल नहीं थे मैंने तुरंत उसके दोनों बूब्स को को एक साथ मूह में ले कर चूसने लगा सोनी सिस्कारिया लेते हुए सी सी करने लगी और चूसते चूसते उसकी चुत में ऊँगली डाल कर अन्दर बाहर करने लगा अब सोनी बहुत गर्म हो गयी और उसकी चुत में पानी आ गया था, सोनी के मूह से आह्ह्ह्ह आह्ह्ह्ह की आवाजे आ रही थी और अपने पैरो को सिकुड ने व् मसलने लगी थे एक बात मैंने नोट कीया की सोनी बीलकुल खामोश थी और अपशब्द का प्रयोग नहीं कर रही थी अचानक सोनी बोली "नब्बू आगे कब बदोगे ? मेरे से अब रह नहीं जा रहा हैं!'' मैं खुश हो गया और मैं सोनी की टांगो के बीच में बैठ कर अपना लंड उसकी चुत पे रख कर जोरदार शाठ मारा मेरा लंड अभी पूरा गया ही नहीं था की सोनी चिल्लाने लगी "मम्मी ई ई ई मम्मी मैं मर जाउगी ई ई ई " और छठप्ठाने मैं रूक गया और सोनी से कहाँ "तूम्हे कुछ नहीं होंगा पहली बार थोड़ा थोड़ा दर्द होता ही हैं बाद में जो मजा हैं वो दुनीया मैं कही नहीं हैं" फीर मैं धीरे धीरे उसके बूब्स दबाने लगा और साथ ही मैं ऊपर ही ऊपर उसकी उसकी चुत में अपना लंड अन्दर बाहर करने दो तीन मिनट के बाद सोनी को भी मजा आने लगा सोनी ने मुजे बाहों में जकड लिया और कीस्स करने लगी मैंने फीर जोर के शाठ मारा इस बार मेरा लंड उसकी उसकी चुत में आधे से ज्यादा चला गया इस बार मैं जोर जोर के शाठ पे शाठ मरता चला गया अब हम दोनों सेक्स का भरपूर मजा ले रहे थे धीरे धीरे मेरा लंड पूरा उसकी चुत में चला गया और उसकी बच्चेदानी से टकरा रहा था मेरा हाथ सोनी के बूब्स पर धीरे धीरे हरकत कर रहा था और होटों से उसे कीस्स कर रहा था दस मीनत की चूदाई मीनट के बाद सोनी ने मेरे को और कस के पकड़ लिया मैं समझ गया की सोनी अब झड़ने वाली हैं मैंने अपनी स्पीड और बड़ा दी थोड़ी देर के बाद सोनी की मीनट चुत वीर्य से भर गयी फीर मैंने सोनी को घोडी बनाया और पीछे से उसकी कमर पकड़ के उसकी चुत में लंड डाल कर जोर जोर से चोदने लगा सोनी आह्ह्ह आह्ह्ह कर रही थी मैंने कहा सोनी मजा आ रहहा है ना तो

सोनी ने कहा "इस के लिये मैं हमेशा तड़पती थी आज मुझे बहोत मजा आ रहा है मैं हमेशा सोचती थी की तुम ये कब करोगे आय लव यु नब्बू" चोद्चोदते मेर नजर उसकी लाल लाल गांड की तरफ गयी उसकी गांड के लाल छेद मेरी कामुकता को और बड़ा रहा था मैंने आज तक कीसी की गांड नहीं मारी थी, अब मेरा लंड भी समय समाप्ती घोसना कर रहा था मैं और जोर जोर से करने लगा ८-९ शाठ मारने के बाद उसकी चुत में ही अपना सारा पानी छोड़ दीया! अब हम दोनों ही पसीने से भीग चुके थे बेड पर ही हम दोनों एक दुसरे के बाजु से चीपक कर पड़े थ!

सोनी को एक घंटा चोदने के बाद भी एसा लग रहा था की मेरा मन नहीं भरा है मेरी तमन्ना अभी बाकी हैं, थोड़ी देर के बाद जब सोनी नंगी ही बाथरूम की तरफ लडखडाते हुआ जा रही थी मैं पीछे से उसकी गांड को देख रहा था उसकी गांड दोनों पुट्ठे ऊपर नीचे हो रहे थे ये देखकर मेरा उम्मीदवार चुनाव (लंड चुत चोद्ने) के लिये खडा होने लगा मैं तुरंत उठकर सोनी के पीछे पीछे बाथरूम में घूस गया और शावर चालू कर दीया सोनी मेरे सामने ही अपनी चुत में उंगली डाल कार अपनी चुत साफ़ करने लगी ये देखकर मेरा लंड झटके मरने लगा मेरा लंड पूरे आकार में आ चूका था , मैंने सोनी से कहाँ "सोनी तुम मुझे नहलाओ मैं तुम्हे नहलाता हूँ " सोनी - ठीक हैं मगर ये छोटा नब्बू अभी भी खड़ा हैं लाओ मैं इसे साफ़ कर देती हूँ ! बाथरूम साबुन की जगह लीकवीड लोसन था वो लोसन हाथ में ले कर मेरे लंड पे लगा कर साफ़ करने लगी, मैंने भी लोसन ले कर उसकी चुत में लगा के रगड़ना शुरू कर दीया !मैं - सोनी तम्हारी ऐसे साफ़ नहीं होगी तुम तुम थोड़ा झुक जाओ फिर मैं आसानी सी इसे साफ़ कर दूंगा ! मैंने सोनी वाश बेसीन पकड़ा के झुका दीया और मैं उसक पीछे आ गया और लोसन गांड और चुतपे लगा कर अपने अपने लंड से रगड़ने लगा तो सोनी कहाँ "तुम अपने दोस्तों के साथ गंगा जमुना जाया करते हो ना ?" ये सुनकर मैं हेरान हो गया !

मैं - तुम्हे कीसने बताया?सोनी - मेरी सहेलियों (अज्जू और शिव की गर्लफ्रेंड) ने कहा था आइन्दा अब अब तुम वहा नहीं जाओगे तुम्हे जो चाहीए वो मैं दूंगी !

मैं खुश हो गया अब रांडो की फटी हूई चुत की जगह सोनी कवली चुत चोद्ने को मिलेगी ! मैंने लोसन को उसके लाल गांड पे लगाना शुरू कर दीया और ऊँगली से उसकी गांड के उंदर तक लगा दीया अब बस शाठ मरने की जरूरत थी! मैंने अपना लंड उसकी गांड के गद्दे पे रख कर पेल दीया अचानक सोनी मम्मी ई ई इ मम्मी ई इ करते सरक गयी और मेरा लंड उसकी गांड में से नीकल गया और वो नीच बैठ कर रोने लगी !मैं - सोनी क्या हुआ ? सोनी - रोते हुए बहोत दर्द हो रहा हैं तुम्हारा बहोत मोटा और लंबा है पीछे से मत करो अभी तक जलन हो रही हैं !मैं - कोई बात नही चलो उठ जाओ मैं पीछे से नहीं करूगा ! फीर मैंने उठा के खडा किया और शावर बंद करके सोनी को कीस्स करना शुरू कीया दस मीनट के बाद मैंने सोनी के कमर क्र पीछे हाथ रखकर उठा लिया और सोनी से कहा की वो अपनी दोनों टांगो से मेरी कमर को पकड़ ले और अपने दोनों हाथ मेरे कधो पर रख दे सोनी ने वैसा ही कीया मेरे दोनों हाथ उसकी गांड को सहारा दे रहे थे और मेरा लंड सोनी की चुत से टकरा रहा था, अब सोनी मुझे कीस्स करने लगी थी और मैं अपने हाथो से सोनी की गांड को उर निचे कर रहा था दस मीनट के बाद अब सोनी गरम हो चुकी थी मैंने एक हाथ से अपना लंड सोनी की चुत माँ लगाया और अपने हाथो को थोड़ा नीचे कीया लोसन की चिकनाहट की वजह से मेरा लंड सोनी की चुत मी अन्दर तक चला गया सोनी बहुत ज्यादा ही गरम हो गयी थी और वो उछलने लगी जिस से मुझे और मजा आने लगा था दस मीनट तक इस पोजीशन में चुदाई करने के बाद मैंने उसे बाथरूम में ही नीचे लीटा के तीस मीनट तक चोदा इस बीच सोनी दो बार झड गयी मैंने अपना सारा वीर्य उसकी चुत में ही डाल दीया उसके बाद एक बार और हमने चुदाई की और थोड़ा आराम करके शाम के पाच बजे हम घर आगये! उस के बाद तीन साल तक मैंने सोनी को चोदा!
दोस्तों मेरी मेरी कहानी ही नही हकीकत भी है आगे क्या हुआ मुझ इ-मेल करे!

nabbukhan_25@yahoo.com , Comments below here please.

Tags: Hindi Font Stories, Hindi Stories, Hindi Kahani, Stories In Hindi

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